हिंदी
-
विवेकानंद की आत्मकथा
Original price was: Rs.500.00.Rs.425.00Current price is: Rs.425.00.Buy Nowसमय के पन्नों में समाहित एक अद्वितीय आत्मानुभूति की यह पुस्तक, हमें स्वामी विवेकानंद के भीतर के अनछुए प्रदेशों में ले जाती है। बाल्यावस्था की सरल अभिलाषाओं से लेकर युवा मन में उठे धर्म, समाज और आत्मा के प्रश्न—हर मोड़ पर लिखा है एक सशक्त संघर्ष, जो अंततः उन्हें विश्वबन्धुत्व का प्रेरक संदेशवाहक बनाता है। कवि शंकरदास की गाथाओं से प्रभावित हो… इस आत्मकथा में पाए आपँगे:
• कोलकात्ते के गलियारों में संघर्षरत एक साधारण किशोर की जीवंत झलक
• गुरुशिष्य संबंध की गूढ़ता और उसके अनुभवजन्य रहस्य
• आध्यात्मिक अन्वेषण के कठिनों मार्ग पर उतरे विवेकानंद की असाधारण दृढ़ता
• सामाजिक परिवर्तन के लिए ज्वलंत विचार और संघर्ष की वेणी
प्रभात प्रकाशन से प्रस्तुत यह अनुवाद, स्वामी जी के शब्दों में प्रकाशित, उनके मनोभाव और व्यक्तित्व को ऐसा कैनवास देता है, जहाँ प्रत्येक पाठक को अपनी ही तलाश का आरंभिक पथ दिखता है।
-
सत्य के प्रयोग आत्मकथा – मोहनदास करमचंद गाँधी
Original price was: Rs.295.00.Rs.250.00Current price is: Rs.250.00.Buy Nowमोहनदास करमचंद गाँधी की आत्मकथा ‘सत्य के प्रयोग’ आत्मपरक रोशनी और अडिग विश्वास का अनूठा दस्तावेज़ है। दक्षिण अफ्रीका में रंगभेदी अधिकारों के विरुद्ध पहले संघर्ष से लेकर भारत में अहिंसा-आन्दोलन की ऊँचाइयों तक, यह पुस्तक उस भीतर के परिवर्तन का आभास कराती है जिसने एक साधारण वकील को विश्व-भर के स्वतंत्रता-नायकों के प्रेरणा स्रोत में बदल दिया। गाँधीजी यहां न केवल अपने सार्वजनिक अनुभवों को साझा करते हैं, बल्कि आत्मा के आंतरिक संकल्पों, निरंतर स्व-परिवर्तन और सत्य-पथ पर दृढ़ता से आगे बढ़ने की गाथा भी कहते हैं। उनके व्यक्तिगत संंघर्ष—परिवार, मित्र, राजनीतिक साथियों तथा समाज के सामने—हमें दिखाते हैं कि कैसे एक अनमोल सिद्धांत, सत्य-अहिंसा, इतने विविध रंगों में धरती पर उतर सकता है। इस किताब के पन्नों में हर पाठक पाएगा संयम का महत्त्व, साहस की प्रेरणा और मानवीयता की सार्वभौमिक भाषा। ‘सत्य के प्रयोग’ एक ऐसे सच्चे अनुभव-योग का निमंत्रण है जो युगों-युगों तक विचारों और कार्यों को दिशा देता रहेगा।




