Description
- PUBLISHER: Kitab Mahal
- Writter: Dr.Bholanath Tiwari
- Pages: 550
- Language : Hindi
- Format: Hard Copy
- Seller: https://guptabookcentre.co.in/
- Delivery: Through Indian Postal Services
Rs.380.00 Original price was: Rs.380.00.Rs.330.00Current price is: Rs.330.00.
विदेशो के सौंदर्य से लेकर व रचनााक्य की गहराई तक, यह पुस्तक भाषा को एक जीवित तर्क–ंत्रत के रूप में पेश करती है। डॉ. भोलानाथ तिवारी ने उदाहरण सरलों, समृद्ध ऐतिहासिक संदर्भों और समॉलोकन के माध्यम से है बताया कि कैसे ध्वनि, व्याक और अर्थ का विलय हमें अपनी सोच, संस्कृति और पहचान से जोड़ता है। किस तरह लिपियाँ बनती, हैं बोल बीच के अंतऱसंवाद कैसे फलता-फूलता है, या भाषा का चहुँओर विस्तार सामाजिक बदलावों पर कै प्रभावसा डालता— है इन सभी सवालों के जवाब रोचक प्रयोग भाषाों और नवीनतम शोध से सक्षम तरीके से प्रस्तुत किए गए हैं। भारतीय संदर्भ में विविध भाषाई संरचनाओं की पड़ताल से लेकर वैश्विक भाषाई प्रवृतियों तक, यह ग्रंथ विद्यार्थी, अध्यापक और भाषा-विषयक किसी भी जिज्ञासु पाठक के लिए एक आदर्श मार्गदर्शक साबित होगा Dr।. तिवारी की स्पष्ट शैली और जीवंत व्याख्याएँ आपको भाषा की मौलिकता में और उसके अद्भुतुओं पहल से अवगत होने अवसर का देंगी।
हिमाचल की जीवंत परत अब आपके हाथ में—कुंदन-पन्नों में ढले ऐतिहास किस्से, भूलभुलैया जैसी घाटियाँ और ऊँचे-उँचे पर्वतों की कहानियाँ, जो सामान्य ज्ञान के हर पहलू कोचक रूप में पेश करती हैं। लघु दर्पण में आपको मिलेंगे
• भौगोलिक विविध से लेकर आर्थिक संरचना के संक्ष्त लेकिन प्रभावाली तथ्य
• प्राचीनों, लोकाचारों त्योहारों की सांृतिक झलक
• प्रशासनिक व्यवस्था, प्रमुख योजन और सामाजिक विकास के संकेतक
• प्रश्नत्तरी खंड, पढ़ाई कोाता है अभ्यास-औरआनंद संग
हर प एक नयी दुनिया खोलता है—चे प्रतियोगी परीाओं की तैयारी कर रहे हों, हिमाचल की यात्रा की तैयारी कर रहे हों या बस की प्यास बुझाना चाहते हों।
हिमाचल प्रदेश की जीवंत संस्कृति को एक समृद्ध मार्गदर्शिका के माध्यम से जानें, जो राज्य की आत्मा को जीवंत कर देती है। हिमालय की धुंध से ढकी चोटियों से लेकर प्रकृति की गोद में बसी घाटियों तक, यह संक्षिप्त मार्गदर्शिका भूगोल, संस्कृति, अर्थव्यवस्था और राजनीति के बारे में आवश्यक जानकारी प्रदान करती है—जिज्ञासु यात्रियों, पर्वतारोहियों और “भूमि के देवताओं” में गहराई से उतरने के इच्छुक किसी भी व्यक्ति के लिए बिल्कुल उपयुक्त। इन पृष्ठों में, आपको प्राचीन किलों और छिपे हुए मंदिरों के बारे में रोचक जानकारी, स्थानीय लोककथाओं की आकर्षक अंतर्दृष्टि और आज के समय को आकार देने वाले प्रमुख व्यक्तित्वों और संस्थानों के अद्यतन विवरण मिलेंगे। चाहे आप अपने अगले पर्वतीय साहसिक कार्य की योजना बना रहे हों या अपने सामान्य ज्ञान को निखार रहे हों, यह सरल पुस्तिका यह सुनिश्चित करती है कि जानकारी का हर अंश आपके साथ रहे। हिमाचल प्रदेश की एक ज्ञानवर्धक यात्रा पर निकलें और इसकी शाश्वत सुंदरता को एक छोटे से पॉकेट-आकार के दर्पण में समेट लें।
श्री मार्तण्ड पंचांगम (सवंत 2083) – वर्ष 2026–27 इस पंचांग में ॠतु-परिवर्तनों से लेकर तिथि, वर्षा, योग-करण, राहु–काल, यमघंटिका तक का त्रुटिरहित विवरण मिलेगा। पारंपरिक गणना पद्धति पर आधारित ग्रह-नक्षत्रों की स्थिति, मंगल, बुध, गुरु आदि ग्रहों के गोचर से जुड़े समस्त सूक्ष्म तथ्य आपके शुभ-अशुभ निर्णयों में सहारा बनेगा। प्रमुख त्योहार, उपवास, व्रत-तिथियों के साथ संवत्, मास, पक्ष की स्पष्ट व्याख्या आपको पारिवारिक आयोजनों, धार्मिक अनुष्ठानों व व्यक्तिगत मुहूर्त चयन में आत्मविश्वास देगी। पाँच पीढ़ियों से विश्वसनीय और ख्याति प्राप्त ‘श्री मार्तण्ड पंचांगम’ जीवन के हर क्षण को समयबद्ध, सार्थक और समृद्ध बनाने का मार्ग दिखाता है।
• तिथियाँ, नक्षत्र, योग,करण
• वार एवं सूर्य‐उदय/अस्त समय
• ग्रहों की गति, संक्रांतियाँ एवं गोचर
• हिंदू त्योहार एवं व्रत कार्यक्रम
• शुभ-अशुभ मुहूर्तों का विवरण
• ग्रहण (सूर्य व चंद्र) की तिथियाँ एवं समय
• पंचाङ्गीय गणना पद्धतियाँ
• धार्मिक विधि-निर्देश एवं अनुष्ठान सूचियाँ
• यात्रानियम (‘यात्रा मुहूर्त’) एवं दैनिक उपासना प्रणाली
Indian Polity by M. Laxmikanth . The book itself needs no introduction. It is one of the most famous and comprehensive books
Indian Polity 6th Revised Edition

Reviews
There are no reviews yet.